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गुवाहाटी। असम में नागरिकता रजिस्टर का फाइनल ड्रॉफ्ट जारी किया गया। इसमें 40 लाख लोग असम के नागरिक नहीं पाए गए।
एनसीआर के को-स्टेट को ऑडिनेटर प्रतीक हजेला फाइनल लिस्ट जारी करते हुए कहा कि 2.89 करोड़ लोगों को भारत का नागरिक पाया गया है। हालांकि इन नागरिकों को नागरिकता साबित करने के लिए मौका मिलेगा।
एनसीआर का मकसद अवैध रूप से रह रहे लोगों की नागरिकता पर फैसला करना है। असम की कुल जनसंख्या 3 करोड़ 29 लाख है। एनसीआर के केंद्रों पर लिस्ट लगेगी।
::/fulltext::चेन्नई. तमिलनाडु के पूर्व मुख्यमंत्री और डीएमके अध्यक्ष एम. करुणानिधि की हालत स्थिर बताई जा रही है. चेन्नई के कावेरी अस्पताल में उनका इलाज जारी है. शुक्रवार रात तबीयत बिगड़ने के बाद उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया था. आज सुबह बताया जा रहा था कि ब्लड प्रेशर गिरने की वजह से उन्हें आईसीयू में भर्ती कराया गया, लेकिन अभी मिल रही जानकारी के मुताबिक उनकी स्थिति स्थिर है. फिलहाल अस्पताल के बाहर सुरक्षा बढ़ा दी गई है. हॉस्पिटल के बाहर डीएमके समर्थकों का तांता लगा हुआ है. समर्थक करुणानिधि की तस्वीर के साथ उनके बेहतर होने की कामना कर रहे हैं. उनकी बेटी कनिमोझी ने हॉस्पिटल से बाहर आने के बाद कहा कि वह अब बेहतर हैं। उनका ब्लड प्रेशर अब स्टेबल है. राष्ट्रपति कोविंद और प्रधानमंत्री मोदी ने उनके जल्द स्वस्थ्य होने की कामना की है.
5 बार रह चुके हैं तमिलनाडु के मुख्यमंत्री
94 साल के करुणानिधि पांच बार तमिलनाडु के मुख्यमंत्री रहे हैं. उनका जन्म 3 जून 1924 को हुआ था. पहली बार वे 33 साल की उम्र में 1957 में विधायक बने थे. तब जवाहर लाल नेहरू देश के प्रधानमंत्री हुआ करते थे. बाद में मुख्यमंत्री की कुर्सी पर होते हुए उन्होंने इंदिरा और राजीव गांधी का कार्यकाल भी देखा. पांचवी बार जब वे मुख्यमंत्री बने तो मनमोहन सिंह पीएम थे. पार्टी के प्रमुख के तौर पर करुणानिधि 50वें साल में पहुंच गए हैं. 27 जुलाई 1969 को वे पहली बार पार्टी के अध्यक्ष बने थे. 1957 में पहली बार विधायक बनने के बाद उन्हें एक बार भी हार नहीं मिली. उन्होंने 13 बार चुनाव लड़ा
करुणानिधि एक गरीब घर में पैदा हुए थे. शुरुआत में उनका नाम दक्षिणामूर्ति रखा गया था. बाद में उन्होंने अपना नाम बदल लिया. करुणानिधि तमिल फिल्म के पटकथा लेखक से लेकर मुख्यमंत्री की कुर्सी तक पहुंचे.
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